अयोध्याउत्तर प्रदेश
Trending

बदलाव के बयार में एकता सिंह की अहम् भूमिका

बदलाव के बयार में एकता सिंह की अहम् भूमिका

वर्ष 2004 में एकता सिंह ने अपने घर का चूल्हा चौका छोड़कर समाज में व्याप्त सामाजिक कुरीतियों वह बुराइयों को दूर करने का बीड़ा उठाया अतः उन्होंने लखनऊ जैसे शहर की आराम भरी जिंदगी को त्याग कर 125 किलोमीटर दूर भवनियापूर अयोध्या से अपने काम को अंजाम देने के लिए पड़ाव डाला सर्वप्रथम उन्होंने देखा कि गांव के गरीब बच्चे जो कि पढ़ाई तो कर रहे हैं परंतु उन्हें उचित व गुणवत्तापूर्ण शिक्षा नहीं प्राप्त हो रही हैं जिस पर उन्हें में खुद कार्य करना आरंभ किया जिसके अंतर्गत इन्होंने बच्चों के परिवारों को मोटिवेट किया तब पता चला कि गांव में निवास करने वाले परिवारों के पास आमदनी का कोई साधन उपलब्ध नहीं है और ना ही वित्तीय सुविधा अतः इन्होंने महिला स्वयं सहायता समूह का गठन करने के विषय में जानकारी इकट्ठा करना प्रारंभ किया तभी उन्होंने सोचा कि क्यों ना इस काम को करने के लिए एक समाजसेवी संस्था का गठन कर लिया जाए जिससे हमारे साथ अन्य लोगों का जुड़ाव हो जाए और काम को आसानी से किया जा सकेगा अतः वर्ष 2005 में इन्होंने पीपुल्स एक्शन फॉर रूरल एडवांसमेंट एंड सस्टेबिलिटी (पारस फाउंडेशन )के नाम पर संस्था का रजिस्ट्रेशन करवा दिया और फिर गांव में स्वयं सहायता समूह का निर्णय कर महिलाओं की आजीविका में सुधार हेतु कार्य करना आरंभ किया यह कार्य वर्ष 2011 तक करती रही फिर उन्होंने सन 2012 में 8 बच्चों के साथ शिक्षा प्रदान करने हेतु उनका पंजीकरण अपनी संस्था में किया इसी दौरान उनकी मेहनत और लगन को देखते हुए टाटा ट्रस्ट ने इन्हें गांव के किसानों की आमदनी बढ़ाने के लिए एक परियोजना पर कार्य करने की जिम्मेदारी दिया अतः यह सोहावल विकासखंड की 4 ग्राम पंचायत में टाटा ट्रस्ट द्वारा दिए गए परियोजना का सफलतापूर्वक संचालन किया तथा सभी परिणामों को प्राप्त कर लिया इस कार्य को करते हुए हिंदुस्तान युनिलीवर फाउंडेशन ने इन्हें वर्ष 2014 में कृषि में पानी की बचत व कृषकों की आमदनी बढ़ाने हेतु कार्य करने की जिम्मेदारी दी इधर 8 बच्चों के साथ शुरू किया गया स्कूल का कार्यक्रम आज 350 बच्चों के साथ संचालित हो रहा है यह क्षेत्र में बदलाव की बात करें तो इस दौरान 5400 परिवारों को संगठित किया गया है जिन्होंने अपनी आजीविका में सुधार हेतु संस्था के प्रयास से पहल किया जिससे आमदनी बढ़ने के साथ 16 मिलियन क्यूबिक मीटर पानी की बचत हुई साथी कृषि में उत्पादन भी बड़ा इस कार्य के साथ-साथ वैकल्पिक ऊर्जा को बढ़ावा देने हैं सरकार के साथ तालमेल कर 19 सोलर पंप केवल एक ही न्याय पंचायत में लगाए गए साथ ही चपक व फव्वारा सेट भी सरकार द्वारा उनके कार्य खेत में उपलब्ध कराया गया यदि परिवारिक समस्या की बात करें तो आज प्रत्येक परिवार में महिलाओं और पुरुषों के बीच हमेशा ही अहंकार की समस्या है जिसके लिए इन्होंने नारी संघ का निर्माण कर महिलाओं को उनके अधिकार के बारे में जानकारी दी साथ ही परिवार में कैसे मतभेद को कम किया जाए इस पर भी महिलाओं को प्रशिक्षित किया । लेकिन कहते हैं कि प्रत्येक इंसान के जीवन में सफलता तभी प्राप्त होता है जब वह चुनौतियों से लड़कर आगे निकल जाए वर्ष 2019 में कोविड-19 के कारण बच्चों की पढ़ाई काफी प्रभावित हुई तथा इसी वायरस के कारण बहुत से परिवारों की आमदनी में कमी हुई तथा संस्था में चल रही कई परियोजनाएं बंद हो गई या उनका समय समाप्त हो गया परंतु एकता सिंह ने हार नहीं मानी और मुड़कर नहीं देखा बच्चों की शिक्षा के लिए अपना जीवन को दांव पर लगाकर पूरे 1 वर्ष तक कार्यालय में ही अपना जीवन व्यतीत किया तथा ऑनलाइन बच्चों को शिक्षा देने का मन बनाया परंतु गरीब बच्चों के पास स्मार्टफोन ना होने के कारण यह बहुत सफल नहीं हुआ तो इन्होंने गांव की पढ़ी-लिखी लड़कियों को ऑनलाइन के माध्यम से प्रशिक्षित कर मोहल्ले में पढ़ाने की जिम्मेदारी दिया इस कार्य से बच्चों की पढ़ाई का नुकसान बहुत कम हुआ इस कार्य को देखते हुए एक दान दाता ने पूरे डलई ब्लॉक बाराबंकी में 15 ग्राम पंचायतें जिसमें की कोविड-19 टीकाकरण की दर बहुत ही कम थी उसने सुधार लाने की जिम्मेदारी दिया इस कार्य को एकता जीने के नेतृत्व में शत-प्रतिशत पूरा किया गया तथा चाइल्ड फंड इंडिया ने संस्था को सहयोग दिया और सोहावल विकासखंड की 15 राजस्व ग्राम में महिला सशक्तिकरण कार्यक्रम की जिम्मेदारी दी इस कार्यक्रम के तहत महिलाओं को सशक्त करते हुए उनकी कृषि आधारित आजीविका मैं सुधार लाना था एकता सिंह के नेतृत्व में अयोध्या प्रगति महिला फार्मर प्रोड्यूसर कंपनी का निर्माण हुआ और यह कंपनी महिलाओं के विकास के लिए कार्य कर रही है इस कार्यक्रम की सफलता को देखते हुए एक और दान दाता संस्था ने पुनः एकता जी को महिला सशक्तिकरण कार्यक्रम को आगे बढ़ाने हेतु रुदौली विकासखंड की 10 ग्राम पंचायतों में कार्य करने की जिम्मेदारी दी इस परियोजना के तहत गर्म 10 ग्राम पंचायतों में सरकारी योजनाओं का लाभ गरीब परिवारों तक पहुंचाने की जिम्मेदारी के लिए एकता सिंह के नेतृत्व में कार्य किया जा रहा है एकता सिंह से बात करने पर वह कहती हैं कि यह तो केवल कार्य की शुरुआत भर हुई है मैं अपने इस बदलाव भरे कार्य को देशव्यापी करना चाहती हूं और मैं इसे जरूर पूरा करूंगी !
अयोध्या से इंडिया न्यूज़ दर्पण के साथ अमर सिंह

India News Darpan

नोट :- अन्य अपडेट लगातार पाने के लिए हमारा फेसबुक पेज लाइक करें| आप हमें ट्वीटर पर भी फॉलो कर सकते हैं| नवीनतम वीडियो न्यूज देखने के लिए हमें यूटूब (Youtube) पर सब्सक्राइब करें।

Related Articles

Back to top button